जब कभी आप हमे याद आओगे
थोडा सा तो आप भी मुस्कुराओगे
मन ही मन व्याकुल से हो जाओगे
महफिल में होगी कभी जब चर्चा
कभी खुशी के गीत गाएंगे
तन्हाई करेगी जब पागल
तो आप हमे याद आओगे
रौशन किये हैं दिये आपने
बहुत से दीप जलाए
जगमग होगा जहान जिस दिन
तो आप हमे याद आओगे
फूलों के साथ होते हैं कांटे
दिये के साथ अन्धेरा होता है
लहरों के साथ टकराके
डगमगायेगी जब कस्ती हमारी
तो आप हमे याद आओगे
जब कभी आप हमे याद आओगे
थोडा सा तो आप भी मुस्कुराओगे
ना हो सिक्वा किसी से किसी को
ऐसा मुमकिन नही
हमे भी है
आपके पंखो से उड़ेगा जब कोई
तो आप हमें याद आओगे
जब कभी आप हमे याद आओगे
थोडा सा तो आप भी मुस्कुराओगे
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